Breaking
5 Mar 2026, Thu

नगर निगम मुख्यालय में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब महापौर ने अचानक निरीक्षण का फैसला किया। उनके औचक दौरे से कर्मचारियों में अफरा-तफरी मच गई। महापौर, जो अपनी कार्यशैली के लिए जाने जाते हैं, ने सुबह-सुबह ही मुख्यालय पहुंचकर सभी को चौंका दिया।

निरीक्षण के दौरान, उन्होंने न केवल विभिन्न विभागों का जायजा लिया, बल्कि उपस्थिति और कार्यप्रणाली में पाई गई अनियमितताओं पर भी कड़ी नाराजगी व्यक्त की। सूत्रों के अनुसार, कुछ कर्मचारी अपनी सीट से नदारद पाए गए, जबकि कुछ विभागों में फाइलों का अंबार लगा हुआ था।

महापौर ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एक अप्रत्याशित कदम उठाया। उन्होंने मुख्यालय के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया, ताकि कोई भी कर्मचारी बाहर न जा सके और न ही कोई देरी से आने वाला अंदर आ सके। इस कार्रवाई से परिसर में मौजूद सभी लोग सकते में आ गए। महापौर ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई कर्मचारियों में अनुशासन लाने और कार्य संस्कृति में सुधार करने के उद्देश्य से की गई है। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में भी ऐसे औचक निरीक्षण जारी रहेंगे और लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने पूरे नगर निगम में एक कड़ा संदेश दिया है।

महापौर ने 311 एप के जरिए कर्मचारियों की अटेंडेंस सूची मंगाई। सूची की जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि कई कर्मचारी सुबह मुख्यालय परिसर में आकर अटेंडेंस तो दर्ज कर गए, लेकिन उसके बाद वे अपनी सीट पर मौजूद नहीं थे। महापौर ने इसे गंभीर लापरवाही करार दिया और ऐसे सभी कर्मचारियों की जांच के लिए सीसीटीवी फुटेज निकलवाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि दोषी पाए जाने पर किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा और कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *